Best Hindi sex stories

Sab se achi Indian Hindi sex kahaniya!

हमारी पहली चुदाई-2


Click to Download this video!

indian porn kahani फिर कुछ देर में ही उसने अपनी चूत का पानी छोड़ दिया और वो थोड़ी सी ठंडी हो गयी। अब मैंने एक बार फिर से उसके बूब्स को चूसना शुरू किया, जिसकी वजह से वो कुछ ही देर में दोबारा से गरम होना शुरू हो गयी। फिर उसी समय मेरे घर की घंटी बज गई और मैंने उसको उधर ही छुपा दिया और मैंने जब जाकर दरवाजा खोलकर देखा तो उस समय मेरा एक चचेरा भाई बाहर खड़ा था। अब मैंने झूठे बहाने से अपने चचेरे भाई को उसी समय बाहर से ठंडा लेने भेज दिया और जब वो चला गया तो उसके बाद मैंने तुरंत ही किरण को उसके घर पर भेज दिया। दोस्तों उस दिन मुझे बड़ा दुख हुआ, क्योंकि में अपने हाथ में आने के बाद भी उसके साथ कुछ ना कर सका, लेकिन उसके बूब्स ने मुझे पूरा पूरा मस्त मज़ा दिया था। फिर इस तरह से हमारे दिन गुजरने लगे थे, हम दोनों मौका मिलने पर साथ में बैठकर बातें भी करते थे और कभी कभी चूमते भी थे, क्योंकि दोस्तों अब मौसम बहुत बदल चुका था, इसलिए हमें वैसे मौके अब कम ही मिलते थे। फिर एक बार मुझे पता चला कि उसके घर पर दो दिनों के लिए कोई भी नहीं है, उसकी मम्मी और बहन किसी काम से उनके गाँव चली गयी। अब घर में किरण और उसका एक छोटा भाई घर पर अकेले थे और जब किरण ने मुझे यह सब बताया तब मेरी खुशी की कोई ठिकाना ना रहा।

फिर मैंने खुश होकर उसको कहा कि में आज ही रात को ठीक एक बजे के बाद छत पर आ जाऊंगा, तुम मुझे वहीं पर मिलना। दोस्तों जब में छत पर गया तब मैंने देखा कि वो मेरा छत पर पहले से ही इतंजार कर रही थी और में उसको देखकर बहुत खुश था। दोस्तों पहले तो हम दोनों ने साथ में बैठकर बहुत देर तक इधर उधर की बातें करते हुए अपना समय बिताया और वो मुझसे कह कर रही थी कि में अब उसको समय नहीं देता हूँ में बहुत व्यस्त हो गया हूँ। फिर मैंने उसको बड़े ही प्यार से समझाकर कहा कि अब मेरे घरवालों को हम दोनों पर कुछ शक हो गया है इसलिए हमे थोड़ी सी दूरी बनाए रखना पड़ेगा, यह सब हमारे लिए ठीक रहेगा। फिर कुछ देर बातें करने के बाद मैंने उसको कहा कि मुझे अब बड़ी तेज सर्दी लग रही है और वो कहने लगी कि हाँ ठंड तो मुझे भी अब लग रही है। फिर मैंने उसको कहा कि हम दोनों अब ऐसा करते है कि हम तुम्हारे कमरे में जाकर बैठकर आराम से बातें करते है, यहाँ तो कोई भी इधर उधर से छत से आ सकता है और खुली जगह पर हमे सर्दी भी ज्यादा लगेगी। अब वो कहने लगी कि हाँ ठीक है और फिर में उसके साथ उसके कमरे में चला गया और हम दोनों जाकर उसकी बहन के कमरे में बैठ गये।

दोस्तों पहले हम दोनों ने थोड़ी बहुत बातें की और फिर मैंने सही मौका देखकर उसका एक हाथ पकड़ लिया। अब वो मुझसे कहने लगी, प्लीज तुम इस तरह मेरे साथ कुछ भी ना करो। फिर मैंने उसको कहा कि मुझे बड़ी तेज सर्दी लग रही है इसलिए तुम मुझे थोड़ा सा गरम ही कर दो, में कौन सा तुम्हारे साथ ऐसा कुछ काम कर रहा हूँ। मैंने बस तुम्हारा हाथ ही तो अपने हाथ में लिया है। फिर मैंने उसको अपने गले से लगा लिया और वो भी मेरा पूरा साथ देने लगी थी, उसके बाद धीरे धीरे मेरे हाथ उसकी कमीज़ के अंदर उसके बूब्स पर चले गये। में उसके बूब्स को सहलाने लगा था और वो जोश मज़े की वजह से स्सीईईई आहह्ह्ह की आवाज़ें अपने मुहं से निकालने लगी थी। फिर उसने कुछ देर बाद जोश में आकर अपनी कमीज़ को ऊपर उठा दिया और ब्रा से अपने दोनों बूब्स को बाहर निकाल दिया, ब्रा से बाहर आकर उसके वो दोनों केद कबूतर अब खुली हवा में साँस लेने लगे थे और वो उसके गोलमटोल गोरे गोरे बूब्स को देखकर अपने होश खो बैठा था। अब में उसके दोनों बूब्स को बारी बारी से चूसने लगा था और उस समय मेरा एक हाथ उसकी कमर पर था और एक हाथ उसकी कामुक चूत पर जो अब जोश की वजह से गीली हो चुकी थी।

फिर हम दोनों बहुत देर तक उसी तरह से प्यार करते रहे, क्योंकि दोस्तों में हमारी उस पहली चुदाई को बहुत ही आराम से और भरपूर मज़े के साथ करना चाहता था, इसलिए मैंने पहले उसको कुछ देर तक बहुत गरम किया। अब में अपना एक हाथ उसकी सलवार के अंदर ले जाकर उसकी कुंवारी बिना चुदी चूत पर फेरने लगा था और उसके बाद मैंने अपनी एक ऊँगली को उसकी चूत के अंदर डाल दिया, जिसकी वजह से उसके मुहं से अब आअहह ऊहह की आवाज निकलने लगी थी और फिर मैंने सही मौका देखकर उसको अपना सात इंच का लंड पकड़ा दिया। अब वो मेरे लंड को अपनी मुठ्ठी में पकड़कर ऊपर नीचे करनी लगी थी। दोस्तों मैंने छूकर महसूस किया कि उसकी चूत बहुत छोटी और टाइट भी बड़ी थी, लेकिन अब वो डर रही थी कि कहीं वो मेरे साथ वो सब करके गर्भवती ना हो जाए। अब में उसको बड़े ही प्यार से समझा रहा था कि यह सब करने से ऐसा कुछ भी नहीं होगा, लेकिन वो आगे कुछ भी करने से मना कर रही थी। फिर मुझे उस पर थोड़ा सा तरस आ गया और मैंने उसको कहा कि चलो फिर अगर तुम्हे नहीं करना तो रहने दो हम इस तरह प्यार ही कर लेते है। फिर हम दोनों उसी तरह चूमते और ऊपर से ही में उसके बदन को छूकर बूब्स को सहलाते हुए प्यार करने लगा था।

फिर कुछ देर बाद मैंने उसको पूछा क्यों तुम अब खुश हो ना? देखो मैंने कुछ नहीं किया सिर्फ़ तुम्हारी मर्ज़ी के हिसाब से में वैसे ही चलता रहा जैसा तुम चाहती हो। अब वो मुझसे कहने लगी कि में अगर ना चाहूँ तो तुम मेरे साथ कुछ भी नहीं कर सकते थे। दोस्तों मुझे तो उसके मुहं से यह बात सुनकर एकदम से जोश आ गया और मैंने उसको कहा कि अगर में चाहूँ तू अभी भी तुम्हारे साथ बहुत कुछ कर सकता हूँ। फिर वो मुझसे कहने लगी कि ऐसा हो ही नहीं सकता और फिर क्या था? सबसे पहले मैंने उसके दोनों हाथ पकड़े और उसके बाद मैंने अपने एक हाथ से उसकी सलवार को पूरा उतार दिया और फिर मैंने अपना लंड पेंट की चेन से बाहर निकाला और उसकी चूत के मुहं पर रख दिया। अब मैंने कहा कि हाँ अब तुम बोलो में तुम्हारे साथ क्या करूं? फिर वो मुझसे कहने लगी कि कुछ नहीं प्लीज तुम मुझे छोड़ दो। फिर मैंने उसको कहा कि में अब तुम्हे ऐसे नहीं छोड़ सकता, तुमने मुझे खुद इस काम को करने के लिए उकसाया है और फिर मैंने अपना लंड उसकी चूत के मुहं पर रखकर थोड़ा सा ज़ोर लगाया और वो तो दर्द की वजह से चीखने चिल्लाने लगी ऊउईईईईइ आह्ह्हह्ह ऊफ्फ्फ्फ़ और वो मुझसे कहने लगी कि मुझे बहुत तेज दर्द हो रहा है, प्लीज अब बस भी करो निकालो इसको बाहर वरना में इस दर्द की वजह से मर ही जाउंगी।

दोस्तों अब, लेकिन वो सब मुझे सुनाई दिखाई नहीं दे रहा था। फिर मैंने अपने एक हाथ को उसके मुहं पर रख दिया और फिर मैंने अपने लंड को उसकी चूत में डालने के लिए बड़ा तेज ज़ोर लगाना शुरू कर दिया और वो उस दर्द की वजह से बिन पानी की मछली की तरह मचलने लगी थी, लेकिन मैंने पूरी तरह से जोश में आकर अपने तेज गति के दो झटको में ही अपना पूरा का पूरा लंड उसकी कुंवारी चूत की गहराइयों में उतार दिया था। अब वो दर्द की वजह से बहुत तड़प रही थी और मैंने उसी समय तुरंत ही हिलना बंद कर दिया और थोड़ी ही देर में उसी तरह से उसके ऊपर पड़ा रहा। फिर कुछ देर बाद दर्द कम होने की वजह से उसको भी मज़ा आने लगा था, इसलिए अब वो नीचे से अपने कूल्हों को हिलाने लगी थी। अब में भी खुश होकर हल्के हल्के धक्के लगाने लगा था और अब वो भी जोश में आकर मज़े लेते हुए मुझसे कह रही थी हाँ और ज़ोर से करो ऊउफ़्फ़्फ़्फ़ हाँ सन्नी और ज़ोर से धक्के दो वाह इस खेल में तो इतना मस्त मज़ा आता है, मैंने पहले यह सब क्यों नहीं किया? आहह्ह्ह्ह ऊह्ह्ह्हह हाँ और भी ज़ोर से तुम धक्के दो मुझे आज पूरा मज़ा दे दो।

अब में उसकी वो बातें सुनकर जोश में आकर पूरे दम से उसकी चूत में अपने लंड से धक्के लगा रहा था, में अपने लंड को पूरा बाहर निकालता और फिर तेज गति से अंदर धकेल देता ऐसा करने से हम दोनों को ख़ुशी मिलती और वो हर एक धक्के से पूरी हिल जाती। फिर कुछ देर बाद उसकी चूत ने पानी छोड़ दिया, लेकिन में अभी भी वैसे ही गरम और पूरी तरह जोश में था, कुछ देर बाद वो एक बार फिर से नीचे से हिलने लगी थी। दोस्तों अब वो पहले से भी ज्यादा गरम हो चुकी थी इसलिए हम दोनों की तरफ से लगातार बड़े तेज धक्के लग रहे थे, में धक्के देते हुए उसका एक बूब्स भी दबाकर चूस रहा था और उसके दूसरे बूब्स को में अपने एक हाथ से दबा भी रहा था। दोस्तों अब वो एक बार फिर से अपनी चूत का पानी छोड़ने वाली थी और में भी अब झड़ने के करीब ही था। फिर कुछ देर में ही उसने अपनी चूत से पानी निकाल दिया और में थोड़ी देर के लिए रुक गया, दो मिनट के बाद मेरे भी बर्दाश्त से बाहर हो गया और क्योंकि में झड़ने वाला था, इसलिए मैंने जल्दी से अपना लंड उसकी चूत से बाहर निकालकर अपना सारा पानी उसके गोरे मुलायम पेट पर निकाल दिया। उसके बाद कुछ देर हम दोनों उसी तरह से एक दूसरे की बाहों में लिपटे पड़े रहे।

फिर मैंने कुछ देर बाद उठकर अपने कपड़े पहने और किरण ने भी अपने कपड़े पहन लिए, उसके बाद जब में बाहर जाने लगा तब उसी समय उसने तुरंत ही मेरा एक हाथ पकड़ लिया और वो मुस्कुराते हुए मुझसे कहने लगी कि एक बार गले से तो लग जाओ, तुम्हे जाने की इतनी भी क्या जल्दी है? और फिर कुछ देर हम दोनों एक दूसरे की बाहों में चिपके खड़े रहे। दोस्तों में कुछ देर लगातार उसके पूरे बदन को चूमते हुए उसको प्यार करता रहा, जिसकी वजह से वो बड़ी खुश थी और मुझे मज़ा आ रहा था और उसने भी मुझे प्यार करने में या उस खेल को खेलने में अपनी तरफ से कोई कमी नहीं छोड़ी। उसने मेरा हर बार पूरा पूरा साथ दिया। फिर में उसके बाद वापस अपने घर आ गया और उसी दिन में आप सभी को लिखकर बता नहीं सकता कि पहली बार उस लड़की की कुंवारी चूत की चुदाई करके मेरा मन कितना खुश था? इस बात का किसी को अंदाजा भी नहीं होगा। दोस्तों में आशा करता हूँ कि मेरी यह कहानी आप सभी सेक्सी कहानियों के मज़े लेने वालो को बहुत अच्छी लगी होगी ।।

धन्यवाद …

Best Hindi sex stories © 2017
error:

Online porn video at mobile phone


hindi fonts sexchudai in hindi languagemom chudaipatni ko chodakamukta sex story comhindi sex story xossiphindi chudai kahani hindichudai ki kahani in hindi font with photokajal ka chuchikusum ki chootindian new sex storiesantarvasana hindi storisex devar and bhabhihindi saxichoot ki kahaaniall sexy story hindinangi randi ki chudaibachcha sexyhindi sexy story in hindi languagebf story hindi mechudai sex combudhi ki chudaimadam ke chodadost ki maa ko choda storygand kaise maresex story in hindi mamigaand ki chudai kahanimaa ko choda hindinew gandi kahanibhai bahan ki chudai story in hindiantarvasna maa betawww hindi sexi storyindian sex mazaxxx sex hindi kahanipapa ne pregnant kiyabada boor ki chudaimumbai sexy bhabhihindi new sexy storyschut ki piyasichodne ki hindi kahanishadi ki suhagrat videohindi erotic stories in hindi fontdesi choot sex comchut me lund picsexy padosanbete chodabahu ki chut ki chudaisaxey storymami ki chudai hindipure hindi sexy storyup ki chudainokrani sexantarvasna sex photosmaa ke sath chudai ki kahaniaantervasna hindi storiesdesi aunty ki chudai downloadmoti chachi ko chodadesi choot bhabhiwww indian suhagrat comhindi sxesuhagrat ki chudai ki photosexi burbhabhi ki chut hindi sex storychudai ki kahani photo ke saathstory hindi saxdesi bhabhi ki chudai kahaniaashiqui sexmedum ki chudaiantarvasna story with photomami bhanjamast chudai in hindi fontsexstoryinhindibhabi real sexstudent ne teacher ko chodadesi ki chutdesi hindi chudai storybhabhi ki hot chutchudai stories antarvasnasex story with chachihindiasexhot chutsex kahani hindi maichoot me bullamaa ko choda raat mefucking story desiteacher ki chut ki photobeach sex storiesshop wali bhabhi ki chudaimama bhanji sex storyaunty ki chudai aunty ki chudaighar ki chudaimaa ke sath sex kiyagand mari kahani